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बरेली समाचार 

बरेली : दरअसल जनपद में थाना सिरौली क्षेत्र में रहने बाले सुरेश पाल हत्याकांड ने इलाके में सनसनी फैला दी है।पुलिस ने भारी मशक्क़त के बाद जाँच में जो सच लाकर सामने रखा है उससे तो क्राइम थ्रिलर भी फीके पड़ रहे हैँ।पुलिस जाँच रिपोर्ट की इस सनसनी वारदात में कोई बाहरी दुश्मन नहीं बल्कि मृतक की ही पत्नी व उसके प्रेमी ने मिलकर हथोड़े से सिर कुचल मौत के घाट उतारा है।

एसएसपी अनुराग आर्य के निर्देशन एवं आईपीएस अंशिका वर्मा की सख्त नेतृत्व में पुलिस टीम ने इस सनसनीखेज हत्या कांड का पर्दाफाश किया है।

प्रेमी की चाँहत में पति को उतारा मौत के घाट पत्नी व प्रेमी के बीच अवैध रिश्तों ने यह मौत का खेल रचा था।पुलिस जांच में सामने आया कि मृतक सुरेश पाल की पत्नी ममता का गांव के ही एक युवक होतम से अवैध संबंध थे लम्बे समयँ से गहरे अबैध संबंधो के चलते दोनों साथ रहना चाहते थे किन्तु दोने इस कार्य में सुरेश पाल बाधा साबित हो रहा था।

शुरुआत में पति को छोड़कर प्रेमी के साथ भागने की बात तैय हुई थी किन्तु जब बात नहीं बनी तो दोनों ने मिलकर उसे हमेशा के लिए रास्ते से हटाने की ठानी।

पाँच महीनों में हत्या की साजिश बनाई गई थी और मौका मिलते ही हथोड़े से कुचलकर मौत के घाट उतार दिया।पुलिस अनुसार ममता व होतम ने करीब पाँच महीनों में हत्या की पूर्ण रणनीति तैयार की।कब,कहां और कैसे हमला करना है—हर पहलू पर बारीकी से चर्चा की थी।

शनिवार देर रात्रि में मौका मिलते ही ममता ने पति को बातों में उलझाया इसी दौरान होतम ने हथौड़े से सुरेशपाल के सिर पर ताबड़ तोड़ बार कर बेरहमी से लहूलुहान कर दिया।हथोड़े से ताबड़तोड़ बार किए जाने कारण सुरेशपाल की मौके पर ही मौत हो गई।

हत्या के साक्ष्य मिटाने को सिम तोड़ी,हथौड़ा पानी में धोया,फिर भी नहीं बच सके हत्यारे पत्नी से हत्यारिन बनी ममता ने मोबाइल सिम तोड़कर फेंकी,हथौड़े को पानी से धुलकर साफ किया,घटना को सामान्य मौत दर्शाने का पूर्ण प्रयास किया फिर भी आईपीएस अंशिका वर्मा की पारखी नजर और तकनीकि जाँच ने झूठ की परत को उधेड़ फेंका।

एक झूंठ बना बड़ा सबूत, WhatsApp चैट और कॉल डिटेल ने खोल डाली हत्यारों की साजिश

पुलिस अधिकारियों द्वारा की गई पूँछ ताछ में ममता बार-बार खुद को बेखबर बताती नजर आई,लेकिन यह झूंठ उसके गले की फांस बन गया।पुलिस को मोबाइल डेटा खंगालने पर ममता और होतम के बीच लगातार वीडियो कॉल, वॉयस कॉल और चैट के पुख्ता साक्ष्य मिलें हैँ।

मोबाइल फोन से कई मैसेज डिलीट किए गए थे जिससे पुलिस का शक और भी गहरा हो गया।इसके बाद होतम को हिरासत में लेकर सख्ती से पूँछ ताछ की गई तथा बढ़ते दबाव से वह टूट गया और उसने हत्या की पूरी साजिश कबूल की।

पुलिस ने हांसिल किए ठोस साक्ष्यों के आधार पर ममता और होतम को गिरफ्तार कर हत्या समेत गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जेल भेजा।

आईपीएस अंशिका वर्मा का बड़ा संदेश “अपराध या अपराधी कितना भी शातिर क्यों ना हो, कानून उसे उजागर कर ही देता है।

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